


ऋषिकेश मुनि की रेती 1 नवम्बर गंगा रिज़ॉर्ट में स्वामी जीतानांद योग संस्थान ऋषिकेश द्वारा इंटरनेशनल योगासन चैंपियनशिप का आयोजन किया गया कार्यक्रम का शुभारंभ महायोगी जीतानंद महाराज, योग ऋषि सुनील भगत,योगाचार्य डा0 बिपिन जोशी महाराज, योगीराज करणपाल गिरी महाराज, योगाचार्य ढाकाराम आदि ने संयुक्त रूप में दीप प्रज्वलित कर किया,11 योग साधकों को योग आसनों में 15 मिनट से लेकर 1.5 घंटे तक की होल्डिंग के लिए लंदन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड और 10 योग साधकों को योग रत्न और योग श्री सम्मान प्रदान किए गए रसिया, कनाडा, न्यूजीलैंड, ऋषिकेश सहित संपूर्ण भारतवर्ष लगभग 150 योग साधकों ने इंटरनेशनल योग चैंपियनशिप में भाग लिया सभी वर्गों में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले साधकों को प्रशस्ति पत्र और मेडल प्रदान किए गए स्वामी नारायण आश्रम ऋषिकेश के परमाध्यक्ष योग ऋषि सुनील भगत ने महायोगी जीतानंद जी महाराज के योग के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुवे योग की अंतर्राष्ट्रीय राजधानी ऋषिकेश में एस आयोजन को मील का पत्थर बताते हुए सभी योग साधकों को शुभ कामनाएं और बधाई दी दून योगपीठ देहरादून के संस्थापक योगाचार्य डा0 बिपिन जोशी जी महाराज ने उपभोक्तावाद और बाजारवाद के इस युग में योग और आयुर्वेद को रामबाण बताया उन्होंने सभी योग गुरुओं और विदेशी योग साधकों का उत्तराखंड की टोपी और अंग वस्त्र वस्त्र पहनाकर स्वागत अभिनंदन किया, योगीराज करणपाल गिरी जी महाराज ने श्वासों का महत्व समझते हुए प्राणशक्ति के विकास पर जोर दिया जयपुर से पधारे योगाचार्य ढाकाराम ने योग के चिकित्सकीय पक्ष को रखते हुए योग और ध्यान के द्वारा जटिल से जटिल रोगों के समाधान पर प्रकाश डाला आज के आयोजन में राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री पुरस्कारों से सम्मानित ईलम चंद जी का विशेष रूप से सम्मान किया गया,
कार्यक्रम का संचालन आचार्य रामकृष्ण पोखरियाल ने किया
इस कार्यक्रम में योगाचार्य कृष्ण अवतार, योगाचार्य रमित चौधरी,योगाचार्य शिवम त्यागी, कपिल संघी आदि थे

