


मुनिकीरेती 15 अक्टूबर माँ गंगा रामलीला समिति (रजि.), चौदह बीघा, मुनिकीरेती की ओर से आयोजित पंचम भव्य एवं दिव्य श्रीरामलीला मंचन के पंचम दिवस भरत-कैकई संवाद, भरत मिलाप, केवट लीला एवं पंचवटी गमन का भावपूर्ण मंचन किया गया। लीला के दौरान भगवान श्रीराम के प्रति भरत के अटूट प्रेम, त्याग और समर्पण के प्रसंगों ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ श्री गणेश वंदना के साथ हुआ। इस अवसर पर पूर्व राज्य मंत्री संदीप गुप्ता, प्रदेश मंत्री नलिन भट्ट, जिला उपाध्यक्ष प्रेम सेमवाल, पूर्व मंडी समिति अध्यक्ष विनोद कुकरेती, मंडल अध्यक्ष भगवती काला एवं टीम, जिला पंचायत सदस्य हुकम भंडारी, जिला पंचायत सदस्य उर्मिला गजेंद्र राणा, ओबीसी मोर्चा अध्यक्ष राजेंद्र थलवाल एवं अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष सतीश सिंह सहित अन्य अतिथियों ने कार्यक्रम में सहभागिता की।
भरत-कैकई संवाद ने छोड़ी अमिट छाप
रामलीला के दौरान भरत-कैकई संवाद का मंचन बेहद मार्मिक रहा। माता कैकई के निर्णय से आहत भरत की व्यथा और प्रभु श्रीराम के प्रति उनके अटूट प्रेम ने दर्शकों को भावुक कर दिया। इसके बाद प्रस्तुत भरत मिलाप के दृश्य ने भाईचारे, त्याग, समर्पण और निःस्वार्थ प्रेम की अनुपम मिसाल पेश की।
वहीं केवट लीला ने श्रद्धा और भक्ति का संदेश दिया। इसके पश्चात प्रभु श्रीराम, माता सीता और लक्ष्मण जी के पंचवटी गमन का मंचन किया गया, जिसने वनवास जीवन के प्रसंगों को जीवंत कर दिया। कलाकारों के भावपूर्ण अभिनय और संवाद अदायगी पर दर्शकों ने तालियों से उत्साहवर्धन किया।
समिति पदाधिकारियों का रहा विशेष योगदान
इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में माँ गंगा रामलीला समिति के अध्यक्ष संदीप परमार, मुख्य सलाहकार देवेंद्र दत्त जोशी, धर्माचार्य पंडित दिनेश सेमल्टी, सलाहकार मनोज मलासी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष मनीष उनियाल, उपाध्यक्ष प्रदीप सकलानी, महासचिव अनिल बडोनी, सचिव डॉ. मनीष भट्ट, कोषाध्यक्ष जितेंद्र उनियाल, संगठन मंत्री संजय पांजा, विधि सलाहकार विकास उपाध्याय, आयुष असवाल, आशीष बिजलवान, अर्पित रावत, सोनू रावत, धर्म सिंह नेगी, केशवानंद सेमवाल एवं मंत्री गंगा रावत सहित समिति के समस्त पदाधिकारियों एवं सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

