


ऋषिकेश, 6 अक्टूबर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सेवा, सुशासन एवं राष्ट्र निर्माण के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रमों की श्रृंखला के तहत मंगलवार को ऋषिकेश में ‘वीर गाथा सैनिक सम्मान’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ऋषिकेश विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. प्रेमचंद अग्रवाल ने अपने ऋषिकेश स्थित कैंप कार्यालय में पूर्व सैनिकों का माल्यार्पण कर एवं मिष्ठान खिलाकर सम्मान किया।
इस अवसर पर डॉ. प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि देश की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर सैनिकों का योगदान राष्ट्र सदैव स्मरण करता रहेगा। सैनिकों के शौर्य, साहस और समर्पण के कारण ही देश की सीमाएं सुरक्षित हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिकों का सम्मान करना प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। उनकी वीर गाथाएं और राष्ट्र सेवा की भावना आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बनी रहेंगी।
कार्यक्रम के दौरान जयवीर कठैत (सेना मेडल), राम सिंह पंवार (कारगिल युद्ध), केशव पुरोहित (कारगिल युद्ध), बृजमोहन मनोरी—जिनके पिता राजेंद्र मनोरी को वर्ष 1962 के युद्ध में दो समर मेडल प्राप्त हुए थे—रमेश सिंह रावत, सुरेंद्र कुकशाल, अमरदेव बडोनी एवं उत्तम नेगी का सम्मान किया गया। इनमें अधिकांश पूर्व सैनिकों ने कारगिल युद्ध में देश की सेवा की थी।
सम्मान समारोह के दौरान पूर्व सैनिकों ने अपने सैन्य जीवन के अनुभव साझा किए और देश सेवा के दौरान की स्मृतियों को उपस्थित लोगों के साथ साझा किया। उनके अनुभवों ने कार्यक्रम में राष्ट्रभक्ति और सैनिकों के प्रति सम्मान की भावना को और मजबूत किया।

